आतंक फैलाने वाले 5 गुण्डे 6 माह के लिए जिला बदर, डीएम ने की बड़ी कार्रवाई
प्रतापगढ़। जनपद में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से जिला मजिस्ट्रेट अभिषेक पाण्डेय ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए पांच चिन्हित गुण्डों को छह माह के लिए जनपद की सीमा से निष्कासित कर दिया है। यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश गुण्डा नियंत्रण अधिनियम की धारा 3(3) के तहत की गई है। जिला प्रशासन का मानना है कि इन व्यक्तियों की गतिविधियों के कारण उनके आसपास के क्षेत्रों में भय और आतंक का माहौल बना हुआ था, जिससे आम लोग उनके विरुद्ध शिकायत करने या न्यायालय में साक्ष्य देने का साहस नहीं जुटा पा रहे थे।
जिला मजिस्ट्रेट द्वारा जारी आदेश के अनुसार थाना कोतवाली नगर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पांच व्यक्तियों को तत्काल प्रभाव से छह माह के लिए जिला बदर किया गया है। इनमें रंजीतपुर चिलबिला निवासी फिरोज पुत्र इलियास, खुर्शीद पुत्र इलियास, स्टेशन रोड जैन गली निवासी तनवीर अख्तर पुत्र मोहम्मद अख्तर, रंजीत सिंह पुत्र देवेश सिंह तथा इरशाद अहमद पुत्र मोहम्मद शरीफ शामिल हैं।
प्रशासन के अनुसार इन व्यक्तियों के विरुद्ध पूर्व में विभिन्न आपराधिक मामलों में कार्रवाई की जा चुकी है। इनके विरुद्ध दर्ज मामलों और गतिविधियों का परीक्षण करने के बाद यह पाया गया कि इनकी मौजूदगी से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका बनी रहती है। साथ ही स्थानीय लोग इनके खिलाफ खुलकर सामने आने से डरते हैं, जिससे अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण में कठिनाई उत्पन्न होती है।
जिला बदर की कार्रवाई के तहत संबंधित व्यक्तियों को आगामी छह माह तक प्रतापगढ़ जनपद की सीमा में प्रवेश करने की अनुमति नहीं होगी। यदि वे निर्धारित अवधि के दौरान बिना सक्षम अनुमति के जनपद की सीमा में प्रवेश करते पाए गए तो उनके विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि जनपद में अपराधियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। शांति व्यवस्था बनाए रखने और आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना मजबूत करने के लिए भविष्य में भी ऐसे मामलों में कठोर कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के प्रति किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जाएगी।
यह कार्रवाई जिला सूचना कार्यालय, प्रतापगढ़ द्वारा जारी आधिकारिक सूचना के आधार पर की गई है। प्रशासन का उद्देश्य जनपद में शांतिपूर्ण वातावरण बनाए रखना तथा अपराध और अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।







