प्रतापगढ़। जनपद के रानीगंज थाना क्षेत्र के बालीपुर गांव में शुक्रवार रात बच्चों के रील बनाने को लेकर शुरू हुआ मामूली विवाद देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया। दोनों पक्षों के दर्जनों लोग आमने-सामने आ गए और जमकर ईंट-पत्थर चलने लगे। इस घटना में दोनों पक्षों से आधा दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए, जबकि पास के घर में खाना बना रही 13 वर्षीय किशोरी भी गर्म सब्जी गिरने से झुलस गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने हालात को नियंत्रित करते हुए घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया। गांव में तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।

जानकारी के अनुसार घटना शुक्रवार रात करीब 9 बजे की बताई जा रही है। गांव के कुछ बच्चे घर के पास खेल रहे थे, वहीं कुछ किशोर सड़क किनारे खड़े होकर मोबाइल से रील बना रहे थे और वीडियो देख रहे थे। इसी दौरान किसी बात को लेकर बच्चों में कहासुनी शुरू हो गई। पहले मामूली बहस हुई, लेकिन धीरे-धीरे दोनों पक्षों के बड़े लोग भी मौके पर पहुंच गए और एक-दूसरे पर आरोप लगाने लगे। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों ओर से लोग आमने-सामने आ गए और ईंट-पत्थर चलने लगे।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कुछ ही मिनटों में पूरा इलाका रणक्षेत्र में तब्दील हो गया। लोग अपने घरों से निकलकर इधर-उधर भागने लगे। महिलाओं और बच्चों में अफरा-तफरी मच गई। गांव में चीख-पुकार और हंगामे का माहौल बना रहा।
घटना में एक पक्ष से पतरकी (50) पत्नी स्वर्गीय बारईची, ताज अली (14) पुत्र अफसर अली, शहबाज अली (15) पुत्र स्वर्गीय बबलू तथा आफिसर अली (30) पुत्र मोहम्मद सिद्दीकी निवासी बालीपुर घायल हो गए। वहीं दूसरे पक्ष से शमशेर अली (50) पुत्र रहमत उल्ला और सलीम (26) पुत्र मोहर अली निवासी बालीपुर को चोटें आई हैं। सभी घायलों को पुलिस ने अलग-अलग एंबुलेंस की मदद से रानीगंज ट्रामा सेंटर भेजवाया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
घटना के दौरान एक और दर्दनाक हादसा हो गया। विवाद स्थल के पास ही वाजिद अली का घर है। बताया गया कि उनकी 13 वर्षीय बेटी घर में चूल्हे पर सब्जी बना रही थी। तभी बाहर हो रहे हंगामे और पत्थरबाजी को देखकर वह खाना बचाने के लिए बर्तन अंदर ले जाने लगी। इसी दौरान किसी पक्ष की ओर से फेंका गया पत्थर सीधे उसके खाने वाले बर्तन पर जा गिरा। पत्थर लगते ही गर्म सब्जी उसके पैर पर गिर गई, जिससे वह गंभीर रूप से झुलस गई। किशोरी की चीख सुनकर परिवार के लोग दौड़े और उसे तत्काल उपचार के लिए रानीगंज ट्रामा सेंटर भेजा गया।
घटना की सूचना मिलते ही रानीगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची और किसी तरह दोनों पक्षों को शांत कराया। पुलिस ने सभी घायलों को उपचार के लिए एम्बुलेंस की मदद से उपचार के लिए भेजा और पुलिस तैनात कर दी ताकि दोबारा कोई विवाद न हो सके।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बच्चों के मामूली विवाद ने अचानक हिंसक रूप ले लिया, जिससे पूरे गांव का माहौल बिगड़ गया। ग्रामीणों के अनुसार यदि समय रहते पुलिस मौके पर नहीं पहुंचती तो मामला और गंभीर हो सकता था। घटना के बाद गांव में दहशत और तनाव का माहौल बना हुआ है।
इस पूरे मामले में पुलिस का कहना है कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई थी। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है और मामले की जांच की जा रही है। फिलहाल किसी भी पक्ष की ओर से लिखित तहरीर नहीं दी गई है। तहरीर मिलने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।







