प्रतापगढ़। जनपद की शिक्षा व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। देहात कोतवाली क्षेत्र के विक्रमपुर मोड़ स्थित पीएसआईटी नर्सिंग कॉलेज के खिलाफ बुधवार को सैकड़ों नर्सिंग छात्र-छात्राओं का गुस्सा फूट पड़ा। बड़ी संख्या में छात्र जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और कॉलेज प्रबंधन के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए जांच तथा कड़ी कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने आरोप लगाया कि कॉलेज प्रबंधन उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहा है। उनका कहना है कि जिस उद्देश्य से उन्होंने नर्सिंग की पढ़ाई में प्रवेश लिया था, वह पूरा नहीं हो पा रहा है क्योंकि संस्थान में कई बुनियादी सुविधाओं का अभाव है। छात्रों ने दावा किया कि कॉलेज के पास इंडियन नर्सिंग काउंसिल (आईएनसी) की आवश्यक मान्यता नहीं है, जबकि नर्सिंग शिक्षा के लिए यह बेहद जरूरी है।
छात्रों का आरोप है कि कॉलेज में न तो मानकों के अनुरूप अस्पताल की व्यवस्था है और न ही नियमित रूप से योग्य शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। इसके अलावा संस्थान में स्थायी प्राचार्य की नियुक्ति को लेकर भी सवाल उठाए गए। प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने कहा कि पढ़ाई के दौरान उन्हें वह प्रशिक्षण नहीं मिल रहा है जो एक नर्सिंग छात्र के लिए आवश्यक होता है।
छात्र-छात्राओं ने बताया कि कॉलेज में प्रयोगशाला और अस्पताल संबंधी सुविधाएं पर्याप्त नहीं हैं। उनका कहना है कि पढ़ाई के कई महीने बीत जाने के बावजूद वे नर्सिंग की बुनियादी ट्रेनिंग तक ठीक से नहीं प्राप्त कर सके हैं। छात्रों के अनुसार, सुई लगाना, पट्टी करना और मरीजों की देखभाल से जुड़ी व्यावहारिक जानकारी देने की व्यवस्था भी प्रभावी ढंग से नहीं की गई है, जिससे उनका भविष्य संकट में पड़ता दिखाई दे रहा है।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जब उन्होंने कॉलेज प्रबंधन के सामने अपनी समस्याएं उठाईं तो उन्हें डराने और दबाव बनाने का प्रयास किया गया। छात्रों का दावा है कि विरोध करने पर कॉलेज का गेट बंद कर दिया गया और उन्हें करियर खराब करने की धमकियां दी गईं। इसको लेकर छात्रों में भारी आक्रोश देखने को मिला।
छात्रों ने यह भी आरोप लगाया कि कॉलेज एक प्रभावशाली भाजपा नेता राकेश सिंह से जुड़ा हुआ है, जिसके कारण उनकी शिकायतों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। छात्रों का कहना है कि यदि उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो वे आगे भी आंदोलन जारी रखेंगे।
वहीं दूसरी ओर, पीएसआईटी नर्सिंग कॉलेज के चेयरमैन राकेश सिंह ने छात्रों द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को निराधार और भ्रामक बताया है। उन्होंने कहा कि कॉलेज में आवश्यक शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध हैं और इंडियन नर्सिंग काउंसिल से संबंधित प्रक्रियाएं नियमानुसार पूरी की जा रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ छात्रों की फीस बकाया है और वही अन्य छात्रों को भड़काकर इस तरह का प्रदर्शन करवा रहे हैं।
फिलहाल छात्रों के आरोपों और कॉलेज प्रबंधन के दावों के बीच मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। अब सभी की नजर जिला प्रशासन की कार्रवाई और संभावित जांच पर टिकी हुई है, जिससे पूरे मामले की वास्तविक स्थिति सामने आ सके।







