रुबरु इंडिया की खबर का बड़ा असर: शासन से टूटी आस, समाजसेवियों ने बढ़ाया हाथ, रानीगंज ट्रॉमा सेंटर में लगा वाटर कूलर
प्रतापगढ़/रानीगंज। पत्रकारिता का उद्देश्य केवल खबर दिखाना नहीं बल्कि समाज की समस्याओं को जिम्मेदारों तक पहुंचाकर उसका समाधान कराना भी होता है। रानीगंज ट्रॉमा सेंटर में पेयजल संकट को लेकर लगातार प्रमुखता से खबर प्रकाशित और प्रसारित करने वाले रुबरु इंडिया न्यूज की मुहिम आखिरकार रंग लाई। हालांकि सरकारी तंत्र की ओर से कोई ठोस व्यवस्था नहीं हो सकी, लेकिन समाजसेवा की भावना से प्रेरित लोगों ने आगे बढ़कर मरीजों और तीमारदारों की समस्या का समाधान कर दिया।

रानीगंज ट्रॉमा सेंटर में शीतल पेयजल की कोई समुचित व्यवस्था नहीं थी। भीषण गर्मी और तपती धूप के बीच इलाज कराने आने वाले मरीजों तथा उनके परिजनों को पानी के लिए इधर-उधर भटकना पड़ता था। कई बार तो लोगों को बाहर से पानी खरीदकर पीना पड़ता था, जबकि कुछ लोग क्षेत्राधिकारी कार्यालय या अन्य स्थानों पर जाकर अपनी प्यास बुझाते थे। इससे मरीजों और तीमारदारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
इस गंभीर समस्या को रुबरु इंडिया न्यूज ने प्रमुखता से उठाया था। खबर में बताया गया था कि ट्रॉमा सेंटर जैसे महत्वपूर्ण स्वास्थ्य केंद्र में पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा का अभाव बेहद चिंताजनक है। खबर प्रकाशित होने के बाद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का ध्यान इस ओर गया था। उस समय ट्रॉमा सेंटर के अधीक्षक एवं जिम्मेदार अधिकारियों ने भी स्वीकार किया था कि पेयजल व्यवस्था की समस्या है और ट्रॉमा सेंटर के लिए अलग से कोई बजट उपलब्ध नहीं है। उन्होंने यह भी बताया था कि उच्च अधिकारियों को पत्र भेजकर बजट और आवश्यक संसाधनों की मांग की गई है, ताकि स्थायी समाधान किया जा सके।

हालांकि समय बीतता गया लेकिन समस्या जस की तस बनी रही। गर्मी लगातार बढ़ती रही और मरीजों की परेशानियां भी बढ़ती गईं। ऐसे में लोगों को उम्मीद थी कि शासन और प्रशासन इस दिशा में कोई ठोस कदम उठाएगा, लेकिन जब लंबे समय तक कोई व्यवस्था नहीं हुई तो समाजसेवियों ने खुद आगे आकर जिम्मेदारी निभाने का निर्णय लिया।
रुबरु इंडिया न्यूज में प्रसारित खबरों और ट्रॉमा सेंटर में मरीजों की परेशानियों को देखकर युवा जनशक्ति चैरिटेबल ट्रस्ट के संचालक एवं समाजसेवी पंडित अजय मिश्रा ने इस समस्या के समाधान का बीड़ा उठाया। उन्होंने घोषणा की कि मरीजों और तीमारदारों को अब पानी के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा और ट्रॉमा सेंटर में वाटर कूलर आरओ के लगवाया जाएगा।
समाजसेवी अजय मिश्रा ने अपने वादे को केवल घोषणा तक सीमित नहीं रखा बल्कि तत्काल कार्रवाई करते हुए ट्रॉमा सेंटर में आधुनिक आरओ वाटर कूलर स्थापित करवा दिया। वाटर कूलर लगने के बाद अब ट्रॉमा सेंटर में आने वाले मरीजों, उनके परिजनों तथा अस्पताल कर्मचारियों को शीतल पेयजल उपलब्ध हो सकेगा। इससे उन्हें बाहर से पानी खरीदने या दूर-दूर तक भटकने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।

सोमवार को आयोजित एक सादे लेकिन गरिमामय कार्यक्रम में इस वाटर कूलर का उद्घाटन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रानीगंज नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी महेंद्र कुमार पटेल रहे, जबकि ट्रॉमा सेंटर के चिकित्सक डॉ. जयंत सिंह ने भी कार्यक्रम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उद्घाटन के बाद उपस्थित लोगों ने इस पहल की सराहना की और इसे जनसेवा का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अधिशासी अधिकारी महेंद्र कुमार पटेल ने कहा कि वर्तमान समय में जब भीषण गर्मी लोगों के लिए चुनौती बनी हुई है, ऐसे में मरीजों और तीमारदारों के लिए शीतल पेयजल की व्यवस्था करना अत्यंत पुण्य और सराहनीय कार्य है। उन्होंने कहा कि युवा जनशक्ति चैरिटेबल ट्रस्ट और उसके संचालक अजय मिश्रा ने समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी का परिचय दिया है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक संस्था और सक्षम व्यक्ति को ऐसे कार्यों में आगे आना चाहिए जिससे जरूरतमंद लोगों को राहत मिल सके।
ट्रॉमा सेंटर के चिकित्सक डॉ. जयंत सिंह ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि अस्पताल में प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज आते हैं। ऐसे में पेयजल जैसी बुनियादी सुविधा का होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने समाजसेवियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस व्यवस्था से मरीजों और तीमारदारों को काफी राहत मिलेगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पहल केवल एक वाटर कूलर लगाने तक सीमित नहीं है बल्कि यह संदेश भी देती है कि यदि समाज के लोग चाहें तो कई समस्याओं का समाधान मिलकर कर सकते हैं। लोगों ने कहा कि सरकारी व्यवस्थाओं की अपनी सीमाएं हो सकती हैं लेकिन समाज की सहभागिता से जनहित के अनेक कार्य किए जा सकते हैं।
रुबरु इंडिया न्यूज द्वारा उठाई गई इस समस्या और उसके समाधान की चर्चा पूरे क्षेत्र में हो रही है। लोगों का कहना है कि यदि मीडिया जनहित के मुद्दों को मजबूती से उठाए तो उसका सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। इस मामले में भी पहले खबर के माध्यम से समस्या सामने आई और फिर समाजसेवियों की पहल से उसका समाधान संभव हो सका।
गौरतलब है कि रानीगंज ट्रॉमा सेंटर आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के हजारों लोगों के लिए महत्वपूर्ण स्वास्थ्य केंद्र है। यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा का अभाव लंबे समय से लोगों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ था। अब वाटर कूलर लगने से मरीजों और तीमारदारों को बड़ी राहत मिलेगी।
कार्यक्रम में युवा जनशक्ति चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष पंडित अजय मिश्रा, प्रमोद यादव, राजन सिंह, परवेज, मसूद खान, शिव बहादुर सिंह, संदीप तिवारी, विपिन मिश्रा, विपिन शुक्ला सहित बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, स्थानीय नागरिक और गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि जनसेवा का यह कार्य आने वाले समय में अन्य लोगों को भी प्रेरित करेगा।
रानीगंज ट्रॉमा सेंटर में लगा यह वाटर कूलर केवल एक मशीन नहीं बल्कि संवेदनशील पत्रकारिता, सामाजिक जिम्मेदारी और जनसेवा की भावना का प्रतीक बन गया है। शासन और प्रशासन से लोगों की उम्मीदें भले ही पूरी न हुई हों, लेकिन समाज के जागरूक लोगों ने यह साबित कर दिया कि मानवता और सेवा की भावना आज भी जिंदा है।







