Home खोजी रिपोर्टिंग सई नदी में डूबे तीन किशोरों के शव घर पहुंचते ही मचा...

सई नदी में डूबे तीन किशोरों के शव घर पहुंचते ही मचा कोहराम, दो सगे भाइयों समेत बुआ के बेटे की मौत से गमगीन हुआ पूरा इलाका

https://rubaruindia.com/wp-content/uploads/2026/08/5384793.png

नगर कोतवाली क्षेत्र के किशुन दास पुर सई नदी घाट पर रविवार को तीन किशोर के डूबने से हुई मौत के बाद पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचने पर मचा कोहराम रोते बिलखते परिजन

प्रतापगढ़। नगर कोतवाली क्षेत्र के किशुन दासपुर स्थित सई नदी घाट पर हुए दर्दनाक हादसे में जान गंवाने वाले तीनों किशोरों के शव सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद उनके घर पहुंचे तो पूरा इलाका गम और मातम में डूब गया। शवों को देखते ही परिजनों का धैर्य टूट गया। परिवार की महिलाओं की चीख-पुकार और परिजनों के करुण विलाप से माहौल बेहद भावुक हो उठा। वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम हो गईं।

जानकारी के अनुसार, नगर कोतवाली क्षेत्र की अचलपुर लेखपाल कॉलोनी निवासी तीनों किशोर रविवार को किशुन दासपुर स्थित सई नदी घाट पर नहाने गए थे। इसी दौरान वे गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। आसपास मौजूद लोगों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन तेज बहाव और गहराई के कारण सफलता नहीं मिल सकी। सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और स्थानीय गोताखोर मौके पर पहुंचे और घंटों चले रेस्क्यू अभियान के बाद तीनों के शव नदी से बाहर निकाले गए।

हादसे में जान गंवाने वाले तीनों किशोरों में दो सगे भाई और उनका बुआ का बेटा शामिल था। एक ही परिवार के तीन चिराग बुझ जाने से परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद जैसे ही शव घर पहुंचे, अंतिम दर्शन के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। रिश्तेदारों, शुभचिंतकों और आसपास के ग्रामीणों ने परिजनों को ढांढस बंधाने का प्रयास किया, लेकिन अपनों को खोने का दर्द हर किसी की आंखों में साफ दिखाई दे रहा था।

मोहल्ले और आसपास के क्षेत्र में पूरे दिन शोक का माहौल बना रहा। जिन गलियों में बच्चों की किलकारियां गूंजती थीं, वहां सोमवार को सिर्फ सिसकियां और मातम का माहौल दिखाई दिया। हर कोई इस हृदयविदारक घटना को लेकर स्तब्ध नजर आया। लोगों ने प्रशासन से नदी घाटों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने और खतरनाक स्थानों पर चेतावनी बोर्ड लगाने की मांग भी उठाई, ताकि भविष्य में इस तरह की दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

पुलिस ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिए। इसके बाद गमगीन माहौल में तीनों किशोरों का अंतिम संस्कार किया गया। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। पूरे क्षेत्र में हर जुबान पर यही चर्चा रही कि कुछ ही पलों की लापरवाही ने एक परिवार की खुशियां हमेशा के लिए छीन लीं। दो सगे भाइयों और उनके बुआ के बेटे की एक साथ हुई मौत ने पूरे प्रतापगढ़ को झकझोर कर रख दिया है।

Leave a Reply