प्रतापगढ़ पुलिस का बड़ा खुलासा: युवक की हत्या का राज़ खुला, मुख्य आरोपी गिरफ्तार
प्रतापगढ़। जनपद के दिलीपपुर थाना क्षेत्र में हुए सनसनीखेज युवक हत्याकांड का प्रतापगढ़ पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है।
पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी सद्दाम को गिरफ्तार करते हुए उसके कब्जे से हत्या में प्रयुक्त 32 बोर की पिस्टल और एक जिंदा कारतूस बरामद किया है।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर के कुशल निर्देशन में दिलीपपुर पुलिस, स्वॉट टीम और सर्विलांस सेल की संयुक्त टीम द्वारा की गई। पुलिस की इस त्वरित और सटीक कार्रवाई की क्षेत्र में व्यापक सराहना हो रही है।
चौखड़ा जंगल में हुई थी सनसनीखेज हत्या बताया जा रहा है कि 09 मार्च 2026 को थाना दिलीपपुर क्षेत्र के चौखड़ा गांव के जंगल में एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
मृतक के परिजनों को इसकी सूचना मिलने के बाद जब वे मौके पर पहुंचे तो युवक का शव पड़ा मिला और पुलिस पहले से ही मौके पर मौजूद थी।
प्रथम दृष्टया मामला सुनियोजित हत्या का प्रतीत होने पर थाना दिलीपपुर में मु0अ0सं0 46/26 धारा 103(1) बीएनएस के तहत अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।
एसपी के निर्देशन में बनी विशेष टीम
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रतापगढ़ दीपक भूकर ने तत्काल संज्ञान लेते हुए मामले के जल्द खुलासे के निर्देश दिए और कई पुलिस टीमों का गठन किया।
अपर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) शैलेन्द्र लाल और क्षेत्राधिकारी पट्टी मनोज कुमार सिंह रघुवंशी के नेतृत्व में दिलीपपुर थाना पुलिस, स्वॉट टीम और सर्विलांस सेल ने लगातार तकनीकी विश्लेषण, साक्ष्यों के अध्ययन और मुखबिर सूचना के आधार पर कार्रवाई शुरू की।
चौखड़ा पुल के पास से दबोचा गया आरोपी पुलिस टीम द्वारा संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग के दौरान चौखड़ा पुल के पास से आरोपी सद्दाम (28 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपी के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त 32 बोर की पिस्टल और एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया।
बरामदगी के आधार पर मुकदमे में धारा 3/25/27 आर्म्स एक्ट की बढ़ोत्तरी की गई।
पूछताछ में कबूला पूरा सच
पुलिस पूछताछ में आरोपी सद्दाम ने बताया कि उसने मृतक को पैसे देने का झांसा देकर चौखड़ा गांव के जंगल में बुलाया था। सुनसान स्थान पर पहुंचने के बाद उसने बाइक के पीछे बैठे-बैठे ही मृतक के सिर में दो गोलियां मार दीं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद आरोपी ने मृतक का मोबाइल फोन निकालकर जिरियामऊ पुल से सई नदी में फेंक दिया और हत्या में प्रयुक्त पिस्टल को झाड़ियों में छिपा दिया था, जिसे बाद में पुलिस ने बरामद कर लिया।
एक और आरोपी की तलाश जारी
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि इस वारदात में उसका एक साथी संदीप गुप्ता (निवासी बादशाहपुर, जौनपुर) भी शामिल था, जो मोटरसाइकिल से पीछे-पीछे चल रहा था। पुलिस अब फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रही है।
आरोपी का आपराधिक इतिहास
गिरफ्तार आरोपी सद्दाम के खिलाफ पहले से भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें
धारा 188, 269 भादवि
धारा 147, 148, 420, 427, 504, 506 भादवि
जैसे गंभीर मामले शामिल हैं।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिकाइस पूरे हत्याकांड के खुलासे में थाना प्रभारी दिलीपपुर बलराम सिंह के नेतृत्व में उपनिरीक्षक अनुपम पटेल, रमिल कुमार, सारिका, हेड कांस्टेबल सुभाष, कांस्टेबल जगदीश, आशीष कुमार, आनंद प्रकाश यादव और चालक विनोद यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
वहीं स्वॉट टीम प्रभारी अमित कुमार चौरसिया, उपनिरीक्षक दिनेश सिंह, हेड कांस्टेबल मोहितराज यादव, कांस्टेबल जागीर सिंह, अरविन्द दुबे, सलमान तथा चालक राजेन्द्र कुमार ने भी कार्रवाई में सक्रिय योगदान दिया।
साथ ही सर्विलांस सेल के हेड कांस्टेबल पंकज लहरी और कांस्टेबल सनोज व संजय यादव की तकनीकी सहायता से आरोपी तक पहुंचने में पुलिस को बड़ी सफलता मिली।
प्रतापगढ़ पुलिस की इस कार्रवाई से एक बार फिर यह स्पष्ट हो गया है कि जनपद में अपराध और अपराधियों के खिलाफ पुलिस पूरी तरह सक्रिय है और किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।







